*बिना भारत के साथ बिजनेस किए, कनाडा एनर्जी सुपरपावर नहीं बन पाएगा*,
*दुनिया का 'पावर हाउस' बनेगा भारत! UAE ने मानी हिंदुस्तान की ताकत, कहा- ग्लोबल एनर्जी का रिमोट अब भारत के हाथ*
* अगले 15 वर्ष में भारत में हवाई यात्रा में 150 प्रतिशत की वृद्धि होने की उम्मीद है.
* शहरी आबादी एक अरब के करीब पहुंच जाएगी
* डेटा सेंटर की क्षमता 10 गुना बढ़ जाएगी.
*यूएई के उद्योग मंत्री सुल्तान अहमद अल जबेर ने कहा कि भारत ऊर्जा मांग की सबसे तेज वृद्धि के केंद्र में है, जो उभरते बाजारों, एआई और ऊर्जा प्रणालियों के बदलाव से प्रेरित है। भारत वैश्विक मांग को आकार देने वाली निर्णायक शक्ति बन गया है, जिसकी हवाई यात्रा, शहरी आबादी और डेटा क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि अपेक्षित है।*
*अगर कनाडा को एनर्जी सुपरपावर बनना है, तो उसे भारत के साथ एनर्जी ट्रेड करना होगा: एनर्जी मंत्री टिम हॉजसन*
* भारत दुनिया के सबसे बड़े ऊर्जा बाजारों में से एक है और आने वाले दशक में इसकी ऊर्जा मांग तेजी से बढ़ेगी.
* प्रधानमंत्री मार्क कार्नी भारत के साथ कनाडा के रिश्तों की अहमियत समझते हैं. कार्नी मार्च के पहले हफ्ते में भारत आ सकते हैं.
* इससे पहले कनाडा के एनर्जी और नेचुरल रिसोर्स मंत्री टिम हॉजसन भारत आए हैं.
* भारत दुनिया के सबसे अहम एनर्जी मार्केट्स में से एक के रूप में उभर रहा है.
* यह कनाडा के लिए एक बड़ा अवसर है, जो अमेरिका के बाहर अपने निर्यात को बढ़ाने की कोशिश कर रहा है.
* कनाडा अब भारत को अधिक कच्चा तेल, एलएनजी और पीएलजी भेजेगा.
* इसके बदले में भारत, कनाडा को अधिक परिष्कृत पेट्रोलियम उत्पाद भेजेगा.
* भारत में एनर्जी की मांग में होने वाली बढ़ोतरी कनाडा के लिए एक बड़ा मौका है.
* कनाडा के पास तेल, गैस और ज़रूरी खनिजों का विशाल भंडार है.
*हम आज दुनिया के 6% तेल का उत्पादन करते हैं और भारत अपने तेल का 1% से भी कम कनाडा से लेता है। इस हिस्सेदारी को बढ़ाने से दोनों देश मज़बूत और सुरक्षित बनेंगे।*
*दुनिया का 'पावर हाउस' बनेगा भारत! UAE ने मानी हिंदुस्तान की ताकत, कहा- ग्लोबल एनर्जी का रिमोट अब भारत के हाथ*
* अगले 15 वर्ष में भारत में हवाई यात्रा में 150 प्रतिशत की वृद्धि होने की उम्मीद है.
* शहरी आबादी एक अरब के करीब पहुंच जाएगी
* डेटा सेंटर की क्षमता 10 गुना बढ़ जाएगी.
*यूएई के उद्योग मंत्री सुल्तान अहमद अल जबेर ने कहा कि भारत ऊर्जा मांग की सबसे तेज वृद्धि के केंद्र में है, जो उभरते बाजारों, एआई और ऊर्जा प्रणालियों के बदलाव से प्रेरित है। भारत वैश्विक मांग को आकार देने वाली निर्णायक शक्ति बन गया है, जिसकी हवाई यात्रा, शहरी आबादी और डेटा क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि अपेक्षित है।*
*भारत-ईयू के बीच की डील को मदर ऑफ ऑल डील कहा जाना महज अलंकार नहीं है. भारत और यूरोपीय संघ मिलकर वैश्विक GDP का 25 फीसदी प्रतिनिधित्व करते हैं और दुनिया के कुल व्यापार का लगभग एक-तिहाई हिस्सा इन्हीं के खाते में आता है.*
◆ दशकों तक जिन देशों की अर्थव्यवस्थाएं अमेरिका पर निर्भर रही हैं, वे अब व्हाइट हाउस में बैठे उस शख्स से निपटने की रणनीतियां बनाने में जुटे हैं.
◆ ट्रंप की टकरावपूर्ण कूटनीति और टैरिफ को हथियार बनाने की रणनीति ने मित्र देशों तक को अलग-थलग कर दिया है और वैश्विक अर्थव्यवस्था में उथल-पुथल मचा दी है.
◆ इस हफ्ते यूरोप और कनाडा ने ट्रंप को टका सा जवाब दे दिया है. लेकिन दिलचस्प ये है कि ट्रंप को आईना दिखाने की इस स्ट्रैटेजी के केंद्र में भारत है.
◆ यूरोपीय संघ (EU) ने भारत के साथ जिस मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील पर साइन किए हैं. उससे ट्रंप को कड़ा झटका लगा है.
◆ अमेरिका को अब यह कड़वी सच्चाई स्वीकार करनी होगी कि उसकी जोर-जबरदस्ती वाली व्यापार नीति और टैरिफ ने उसे एक असहज स्थिति में ला खड़ा किया है, ठीक ऐसे समय में जब वैश्विक आर्थिक गठबंधन तेजी से नए सिरे से आकार ले रहे हैं.
*भारत-EU मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट के बयान से पता चलता है कि अमेरिका अब खुद को कितना अलग-थलग महसूस कर रहा है. उन्होंने कहा कि मुझे यूरोपीय लोग बेहद निराशाजनक लगते हैं. वे हमारे साथ आने को तैयार नहीं थे क्योंकि वे यह व्यापार समझौता करना चाहते थे.*
*ट्रंप प्रशासन के इस शीर्ष अधिकारी ने यूरोप पर यह आरोप भी लगाया कि उसने यूक्रेन युद्ध से ऊपर व्यापारिक हितों को रखा. भारत के रूस के साथ घनिष्ठ संबंधों और रूसी तेल की खरीद का हवाला भी दिया. लेकिन बेसेंट शायद इस स्याह सच्चाई को नजरअंदाज कर गए कि कोई भी देश धमकाया जाना या किसी अनिश्चित साझेदार पर निर्भर रहना पसंद नहीं करता.*
vst News LIVE हिंदी के सर्वश्रेष्ठ ऑनलाइन समाचार पोर्टल में से एक है। दैनिक अद्यतन ई-पेपर के लिए, हमारे ई-पेपर अनुभाग पर जाएँ।
VstNews.in . All Rights Reserved. Design by Business Innovation